उत्तराखंड के चमोली जिले में भारत-चीन सीमा को जोड़ने वाली नीति घाटी में सोमवार शाम भारी बारिश के कारण तमक नाला उफान पर आ गया। नाले के प्रचंड वेग और मलबे के बहाव में नीति-मलारी मार्ग पर बना वैली ब्रिज ढहकर बह गया। घटना के दौरान मौके पर काम कर रही सीमा सड़क संगठन (बीआरओ) की मशीन का चालक और एक वाहन भी पानी के तेज बहाव की चपेट में आकर लापता हो गया। इस हादसे का एक खौफनाक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
चमोली पुलिस द्वारा सोशल मीडिया पर साझा किए गए वीडियो और आधिकारिक रिपोर्टों के अनुसार, सोमवार शाम करीब 5:30 बजे नीति घाटी के ऊपरी क्षेत्रों में हुई अतिवृष्टि के कारण तमक नाले का जलस्तर अचानक बढ़ गया। देखते ही देखते मलबे से भरा उफनता पानी पुल के ढांचे से टकराया और कुछ ही सेकंड में पूरे लोहे के पुल को उखाड़कर नदी में बहा ले गया। पुल टूटने से नीति घाटी के 14 से अधिक सीमावर्ती गांवों और अग्रिम चौकियों का संपर्क जिला मुख्यालय से कट गया है।
जोशीमठ के उपजिलाधिकारी चंद्रशेखर वशिष्ठ और अपर जिलाधिकारी विवेक प्रकाश के अनुसार, घटना की सूचना मिलते ही पुलिस, प्रशासन, एसडीआरएफ और एनडीआरएफ की टीमों को राहत एवं बचाव कार्य के लिए मौके पर तैनात कर दिया गया है। बीआरओ अधिकारियों ने पुष्टि की है कि जलप्रलय के समय मौके पर कार्यरत एक ऑपरेटर लापता है, जिसकी खोज के लिए गहन तलाश अभियान जारी है।
हादसे का संज्ञान लेते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अधिकारियों को प्रभावित क्षेत्र में तुरंत राहत कार्य चलाने और सीमावर्ती गांवों में आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति वैकल्पिक माध्यमों से बनाए रखने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही तमक नाले के उफान से अलकनंदा नदी का जलस्तर बढ़ने पर पुलिस द्वारा लाउडस्पीकर से मुनादी कराकर तटीय इलाकों के निवासियों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की हिदायत दी गई है।
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