उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार, 12 जुलाई 2026 को गोरखपुर से ‘वृक्षारोपण महायज्ञ‑2026’ की शुरुआत की। अभियान के तहत प्रदेश भर में एक ही दिन में 35 करोड़ पौधे रोपने का लक्ष्य रखा गया है। एनडीटीवी इंडिया के अनुसार, मुख्यमंत्री ने लिंक एक्सप्रेसवे के पास नीम, पीपल और बरगद का पौधा लगाकर अभियान की औपचारिक शुरुआत की और ताल रिंग रोड के किनारे मौलश्री का पौधा रोपने का कार्यक्रम निर्धारित था।
एएनआई‑आधारित रिपोर्ट के मुताबिक, ‘एक पेड़ मां के नाम’ थीम पर चल रहे इस राज्यव्यापी अभियान को मुख्यमंत्री कार्यालय ने समन्वित किया है। अभियान में सभी जिलों में विभागीय भागीदारी तय की गई है और सार्वजनिक प्रतिनिधियों, स्वयंसेवी संगठनों व आम नागरिकों की सहभागिता को प्राथमिकता दी गई है। रिपोर्ट के अनुसार, 12 जुलाई को पूरे दिन 7 बजे से 6 बजे तक विभिन्न विभाग निर्धारित स्थलों पर पौधारोपण करेंगे।
हिंदुस्तान टाइम्स ने पहले दी गई अपनी रिपोर्ट में बताया था कि 12 जुलाई को उपमुख्यमंत्रियों सहित राज्य मंत्रिपरिषद के सदस्य, सांसद‑विधायक और जिला प्रशासन अपने‑अपने क्षेत्रों में पौधारोपण कार्यक्रम का नेतृत्व करेंगे, ताकि लक्ष्य प्राप्ति सुनिश्चित की जा सके। राज्य सरकार ने विभागवार कोटा और निगरानी तंत्र तय करने की जानकारी भी साझा की है।
पीटीआई‑फ़ीड (द प्रिंट) के अनुसार, मुख्यमंत्री ने 6 जुलाई को समीक्षा बैठक में कहा था कि 5 जून को विश्व पर्यावरण दिवस पर 5 करोड़ से अधिक पौधे लगाए गए थे और 2017 से अब तक प्रदेश में कुल 247 करोड़ से अधिक पौधे रोपे जा चुके हैं। इस वर्ष ‘मेगा प्लांटेशन ड्राइव‑2026’ के अंतर्गत औषधीय वन, कृषि‑वन व ऊर्जा‑वन जैसे नए श्रेणीगत रोपण स्थलों की परिकल्पना की गई है।
एनडीटीवी की रिपोर्ट में केंद्रीय मंत्रालयों की सहभागिता का भी उल्लेख है—रेल मंत्रालय की ओर से 12 लाख और रक्षा मंत्रालय की ओर से 7 लाख पौधे रोपे जाने का कार्यक्रम तय किया गया है। राज्य स्तर पर वन विभाग नर्सरियों से पौधों की आपूर्ति व स्थल चिन्हांकन का कार्य कर रहा है।
सरकारी कार्यक्रम योजना के अनुसार, 12 जुलाई को प्रदेश भर में सभी जिलों में चरणबद्ध तरीके से रोपण गतिविधियां संचालित होंगी और शाम तक विभाग अपने‑अपने प्लांटेशन डेटा का संकलन जिला व राज्य पोर्टल पर अपलोड करेंगे।
स्रोत: ndtv.in · www.indiagazette.com · www.hindustantimes.com · theprint.in




